Monday, 7 July 2014

भारत की जनता को नई सरकार से अपेक्षाएं

  1. विकास की दशा दिशा का पुनर्मूल्यांकन किया जाए तथा वास्तविक स्थिति को निर्धारित कर आज के समयानुकूल योजनाएं, कार्यक्रम बनाने का वास्तुनिष्ठ सघन प्रयास किया जाए तथा ग्रामीण-विकास की दिशा में तीव्र गति से काम हो।
  2. भारतीय संस्कृति, भाषा साहित्य के प्रचार-प्रसार, सामाजिक उत्थान तथा व्यवहार के विस्तृत कार्यक्रम बनाए जाए तथा उनका व्यापक रूप से मीडिया एवं जन संचार माध्यमों द्वारा प्रचार-प्रसार किया जाए।
  3. युवक, युवतियों, छात्र, छात्राओं को अपनी मिट्टी से जुड़ने की शिक्षा, परिवार से लेकर स्कूल, कॉलेज, बड़े संस्थानों तक अनिवार्य रूप से लागू की जाए।
  4. चीन और पाकिस्तान से भारतीय जमीन का अवैध कब्जा तुरन्त वाप्स लिया जाए। कैलाश, मानसरोवर, पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर से विदेशी आधिपत्य बल पूर्वक हटाया जाए तथा भारत की सीमाओं को कड़ाई के साथ सुरक्षित रखा जाए।
  5. समाज के दुष्कृतियों, बाहुबलियों, बताल्कारियों, लोभलाभी भ्रष्ट प्रशासकों, राजनैतिक नेताओं में छाए भ्रष्टाचार तथा अशुचिता के विरुद्ध कठोर कदम उठाए जाएं।
  6. धर्म, जाति, वर्ण, वर्ग भाषा के आधार पर भारतीय समाज को बांटने की अब तक की अराजक राजनैतिक आपाधापी से छुटकारा दिलाया जाए।
  7. सभी नागरिकों के लिए एक संविधान, एक राष्ट्रगान, एक राष्ट्रध्वज, एक राष्ट्रभाषा एक कोड लागू किया जाए।
  8. सारे देश में हिन्दी तथा अहिन्दी भाषी प्रांतों के स्कूलों एवं कॉलेजों में त्रिभाषा फार्मूला लागू किया जाए, इससे देश की अखंडता एवं राष्ट्रीय एकता सुदृढ़ होगी और भारतीय भाषाओं को बढ़ावा मिलेगा।
  9. हिन्दी को विश्वभाषा के रूप में राष्ट्रसंघ की भाषा घोषित की जाए तथा इसके लिए भारत सरकार, विदेश मंत्रालय द्वारा यथोचित कार्रवाई की जाए एवं इस हेतु राश्ट्रसंघ को उपयुक्त धन मुहैया कराया जाए तथा भारतीय भाषा, साहित्य संस्कृति का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए।
  10. महंगाई से निजात पाने के लिए कठोर विधि-व्यवस्था एवं दंड का प्रावधान हो। खाद्यान्न पदार्थों आलू, प्याज, सब्जियों, दवाओं जनता के काम में आने वाले आवश्यक उत्पादों के दामों पर नीतिगत अंकुश लगाया जाए तथा बाजार में विक्रय मूल्यों का उचित निर्धारण किया जाए। जमाखोरों, लालची, खुदरा विक्रेताओं के विरुद्ध कठोर कदम उठाएं जाएं तथा उन्हें तुरन्त दंडित किया जाए।